Ibtidaa (Paperback) - Poems by Jayant Danish Chhibber | Kalaeco Publishers

इब्तिदा प्यार, रोमांस, दर्द, समाज और जीवन के बारे में कविताओं का संग्रह है। शब्द कवि की कलम से बहते हैं और लोगों के दिलों तक पहुंचने का प्रयास करते हैं। कवि का मानना है कि प्रेम कविताएं और क्रांतिकारी कविताएं दोनों समान रूप से महत्वपूर्ण हैं और इस संग्रह में इसे प्रदर्शित किया गया है। कवि का यह भी मानना है कि जीवित रहना, सवाल पूछना है। उन्होंने अपनी कविताओं के माध्यम से जीवन, दर्द और पीड़ा के बारे में सवाल पूछने की कोशिश की है।

 160.00 including GST

Availability: 15 in stock (can be backordered)

SKU KEC-2019-03-01-IBT-P Format Tags ,

This Title is Also Available on

किताब के बारे में

इब्तिदा प्यार, रोमांस, दर्द, समाज और जीवन के बारे में कविताओं का संग्रह है। शब्द कवि की कलम से बहते हैं और लोगों के दिलों तक पहुंचने का प्रयास करते हैं। कवि का मानना है कि प्रेम कविताएं और क्रांतिकारी कविताएं दोनों समान रूप से महत्वपूर्ण हैं और इस संग्रह में इसे प्रदर्शित किया गया है। कवि का यह भी मानना है कि जीवित रहना, सवाल पूछना है। उन्होंने अपनी कविताओं के माध्यम से जीवन, दर्द और पीड़ा के बारे में सवाल पूछने की कोशिश की है।

कवि(जयंत दानिश छिब्बर) के बारे में

जयंत दानिश छिब्बर, शिवपुरी (मध्य प्रदेश) स्थित उर्दू और हिंदी के युवा शायर हैं। उन्होंने कुछ वर्षों में ही मध्य एवं उत्तर भारत में अपने काव्यपाठ से अपनी एक अलग पहचान बना ली है। ‘इब्तिदा’ उनकी पहली किताब है।

About the book

Ibtidaa is a collection of poems about love, romance, pain, society and life. Words flow from the poet’s pen and attempt to reach the hearts of people. The poet believes that both love poems and revolutionary poems are equally important and that has been showcased in this collection. The poet also believes that to be alive, is to ask questions. He has tried to ask questions about life, pain and suffering through his poems.

About the Poet(Jayant Danish Chhibber)

Jayant Danish is Chhibber, is a young Hindi/Urdu Poet from Shivpuri (Madhya Pradesh), He has made himself a different identity through his distinctive recitation style and impactful poetry in Central and North India in a few years. ‘Ibtidaa’ is his first book.

Reviews

There are no reviews yet.

Be the first to review “Ibtidaa (Paperback) – Poems by Jayant Danish Chhibber | Kalaeco Publishers”

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Reviews

There are no reviews yet.

Be the first to review “Ibtidaa (Paperback) – Poems by Jayant Danish Chhibber | Kalaeco Publishers”

Your email address will not be published. Required fields are marked *

OOPS!!

Looks like Ibtidaa (Paperback) - Poems by Jayant Danish Chhibber | Kalaeco Publishers is not available on the platform you selected.

Kindly check back later or purchase it from Kalaeco Store below.

 160.00 including GST

Availability: 15 in stock (can be backordered)